कलयुग में सतयुग की शुरुआत
“जो सुनता है गरीबों की, भगवान उन्हीं की सुनता है।” कलयुग में सतयुग की शुरुआत यह कोई साधारण वाक्य नहीं, बल्कि एक ऐसी क्रांति का नारा है जो च...
“जो सुनता है गरीबों की, भगवान उन्हीं की सुनता है।” कलयुग में सतयुग की शुरुआत यह कोई साधारण वाक्य नहीं, बल्कि एक ऐसी क्रांति का नारा है जो च...